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भारत निर्वाचन आयोग


भारत निर्वाचन आयोग एक स्‍वायत्त संवैधानिक प्राधिकरण है जो भारत में संघ एवं राज्‍य निर्वाचन प्रक्रियाओं का संचालन करने के लिए उत्तरदायी है। यह निकाय भारत में लोक सभा, राज्‍य सभा, राज्‍य विधान सभाओं, देश में राष्‍ट्रपति एवं उप-राष्‍ट्रपति के पदों के लिए निर्वाचनों का संचालन करता है।

पृष्ठभूमि :

- भारत विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और भारत के लोकतंत्र की सबसे बड़ी विशेषता है स्वतंत्र व निष्पक्ष चुनाव 

    जो लोकतंत्र को बनाये रखने के बहुत जरुरी है और इस चुनाव की जिम्मेदारी होती है भारत के निर्वाचन आयोग     पर 

- भारतीय संविधान के भाग 15 में अनुच्छेद 324 से 329 तक निर्वाचन व्यवस्था का वर्णन किया गया है 

- अनुच्छेद 324 के अनुसार ही भारत के निर्वाचन आयोग का गठन किया गया है

- चूँकि इसका वर्णन संविधान में किया गया है इसीलिए यह एक संवैधानिक संस्था है

- यह एक स्वतंत्र व स्वायत्त निकाय है (जिसका तात्पर्य है कि यह अपने कार्यों के लिए किसी के प्रति उत्तरदायी नहीं     है)


सामान्य जानकारी

1. यह संस्था संवैधानिक, स्वायत्त व स्वतंत्र है

2. इसका वर्णन संविधान के भाग 15 में अनुच्छेद 324 से 329 तक किया गया है

3. इसकी स्थापना 25 जानवरी 1950 को हुई थी

4. इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है

5. प्रथम मुख्य निर्वाचन आयुक्त सुकुमार सेन थे

6. पहली महिला मुख्य चुनाव आयुक्त वीएस रामदेवी हैं

7. वर्त्तमान मुख्या चुनाव आयुक्त सुनील अरोरा है

8. प्रथम चुनाव 1951-52 में कराया गया था


प्रमुख कार्य

1. संसद, राज्य विधान मण्डल, राष्ट्रपति तथा उपराष्ट्रपति का चुनाव करवाना

नोट: यह स्थानीय निकायों के चुनाव नहीं करवाता है

महत्वपूर्ण अनुच्छेद

स. क्र.

अनुच्छेद

अर्थ

1.        

अनुच्छेद 324

निर्वाचन आयोग की स्थापना, संरचना, हटाने की प्रक्रिया आदि

2.        

अनुच्छेद 325

निर्वाचक नामावली तैयार करने में धर्म, मूल, वंश, जाति या लिंग के आधार पर भेदभाव न करना

3.        

अनुच्छेद 326

वयस्क मताधिकार की आयु- 18 वर्ष

(नोट: 61 वे संविधान संशोधन में यह आयु 21 से घटाकर 18 वर्ष कर दी गयी थी)

4.        

अनुच्छेद 327

संसद के निर्वाचन के सम्बन्ध में कानून बनाने की शक्ति

5.        

अनुच्छेद 328

राज्य विधान मण्डल के निर्वाचन के सम्बन्ध में कानून बनाने की शक्ति

6.        

अनुच्छेद 329

निर्वाचन सम्वन्धी मामलों में न्यायालय का हस्तकक्षेप न होना

आगे आने वाली पोस्ट में हम एक-एक अनुच्छेद को विस्तार में पढ़ेंगे, मुझे लगता है की यह पोस्ट आपको पसंद आई होगी


धन्यवाद 

नीलम

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